फतहनगर। गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा देने तथा संपूर्ण भारत में गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग को लेकर क्षेत्र में जनजागरण तेज हो गया है। इसी क्रम में गौ सम्मान आह्वान अभियान के तहत सोमवार, 27 अप्रैल को मावली में विशाल रैली एवं ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
अभियान से जुड़े गौ भक्तों ने बताया कि देशभर में गौ माता को सम्मान दिलाने, संरक्षण सुनिश्चित करने तथा गौ हत्या पर रोक लगाने के लिए केंद्र सरकार से सख्त कानून बनाए जाने की मांग लंबे समय से की जा रही है। इसी मांग को लेकर मावली में आमजन को जागरूक करने के उद्देश्य से कार्यक्रम रखा गया है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार गौ भक्त एवं श्रद्धालु सुबह 9:30 बजे मावली के पुराने बस स्टैंड पर एकत्रित होंगे। इसके पश्चात प्रातः 10:00 बजे पुराने बस स्टैंड से रैली प्रारंभ होगी, जो नगर के प्रमुख मार्गों से होकर तहसील कार्यालय पहुंचेगी। रैली के दौरान गौ संरक्षण, गौ सेवा एवं गौ सम्मान से जुड़े नारे लगाए जाएंगे तथा लोगों को अभियान से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
इसके बाद प्रातः 11:00 बजे तहसील कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति एवं प्रधानमंत्री के नाम निवेदन पत्र प्रस्तुत किया जाएगा, जिसमें गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा देने तथा देशभर में गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने हेतु केंद्रीय कानून बनाने की मांग की जाएगी।
आयोजकों ने क्षेत्र के गौ भक्तों, सामाजिक संगठनों, युवाओं एवं आम नागरिकों से अधिकाधिक संख्या में पहुंचकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि गौ माता भारतीय संस्कृति, कृषि व्यवस्था और सनातन परंपरा का महत्वपूर्ण आधार है, इसलिए उसके संरक्षण के लिए राष्ट्रव्यापी ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।
इधर इस अभियान को लेकर फतहनगर के सेंट ज्यूड स्कूल के विद्यार्थियों ने पत्रक के साथ नगरवासियों को गौ संरक्षण एवं गौ सेवा का संदेश दिया। इसमें बड़ी संख्या में विद्यालय के छात्र-छात्राओं, शिक्षकों एवं विद्यालय परिवार ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
विद्यालय के विद्यार्थियों ने भावुक अपील करते हुए कहा कि देशभर में गौ माता को सम्मान मिले तथा केंद्र सरकार गौ माता को राष्ट्रीय माता का दर्जा प्रदान करे। बच्चों ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी से भी गौ संरक्षण के लिए कठोर एवं प्रभावी कदम उठाने की मांग की।
कार्यक्रम के अंत में सभी विद्यार्थियों ने गौ सेवा, गौ संरक्षण और पशु क्रूरता रोकने का संकल्प लिया। विद्यालय प्रशासन ने कहा कि भविष्य में भी समाजहित और जनजागरण से जुड़े ऐसे कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे।
