बजट में हर वर्ग का रखा ध्यान
नई दिल्ली/चित्तौडगढ 1 फरवरी 2022 : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने देश में आत्मनिर्भर भारत की तरफ किये जा रहे प्रयासों को लेकर योजनाओं और मूलभूत आवश्यकताओं के क्षेत्र में इस बार बजट में हर वर्ग एवं क्षेत्र में विशेष ध्यान दिया है। बजट में इस वर्ष भारत की विकास दर 9.2 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया गया है। इस बजट से विकास में नये आयाम स्थापित होंगे।
उक्त बात चित्तौड़गढ़ सांसद सी.पी.जोशी ने वर्ष 2022-23 के बजट पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा की केन्द्र सरकार ने इस वर्ष आजादी के 75 वर्ष होने पर अमृत महोत्सव के तहत आगामी 25 वर्षो की योजना को लेकर बजट बनाया हैं जिससे आजादी के 100 वर्ष पूर्ण होने पर स्वर्णिम भारत का सृजन होगा। इस बजट में सूक्ष्म आर्थिक स्तर-समग्र कल्याण पर जोर देते हुए व्यापक आर्थिक विकास में सहायता करना, डिजिटल अर्थव्यवस्था एवं फिनटेक, प्रौद्योगिकी समर्थित विकास, ऊर्जा परिवर्तन तथा जलवायु कार्य-योजना को बढ़ावा देना तथा सार्वजनिक पूंजी निवेश की सहायता से निजी निवेश आरंभ करने के प्रभावी चक्र से लोगों को निजी निवेश से सहायता उपलब्ध कराना बिन्दूओं पर केन्द्रीत किया गया है।
इस बजट में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, किसानों, देश के आवागमन के साधनों, युवाओं, देश के आधारभूत अवसरंचना, रोजगार के लिए भी विशेष ध्यान दिया गया है।
इस बजट 2022 में आत्मनिर्भर भारत से 16 लाख नौकरीयां दी जाएंगी, मेक इन इंडिया के तहत 60 लाख नौकरीयां आएंगी, 3 साल में 400 नई वंदे भारत ट्रेन चलाएंगे, 2 लाख आंगनबाड़ी को और विकसित करेंगे, पीएम हाउसिंग लोन के लिए 48000 करोड़ रू का आवंटन, ड्रिंकिंग वाटर प्रोजेक्ट के लिए 60000 करोड़ का आवंटन, पीएम आवास योजना के तहत 80 लाख नए मकान बनेंगे, 2022-23 तक नेशनल हाइवे नेटवर्क 25 हजार किमी का होगा, हाइ-वे विस्तार पर 20000 करोड़ खर्च होंगे, किसानों को न्यूनतम सर्मथन मूल्य के लिए 2.7 लाख करोड़ देंगे, खेती के लिये किसान ड्रोन को बढ़ावा भी देगी सरकार, किसानों की आय को बढ़ाने के लिए पी.पी.पी. मोड में योजना शुरू की जाएगी, सरकार न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं और धान की खरीद के लिये 2.37 लाख करोड़ रुपये भुगतान करेगी, पीएम ई विद्या के ’वन क्लास, वन टीवी चैनल’ कार्यक्रम को 12 से 200 टीवी चैनलों तक बढ़ाया जाएगा यह सभी राज्यों को कक्षा 1 से 12 तक क्षेत्रीय भाषाओं में सप्लीमेंट्री शिक्षा प्रदान करने में सक्षम बनाएगा, सभी डाकखाने कोर बैंकिंग सिस्टम से जुड़ेंगे, 1.5 लाख पोस्ट ऑफिस ऑनलाइन जुड़ेंगे, एनपीए से निपटने के लिए बैड बैंक का कामकाज शुरू, अगले 3 साल में 100 पीएम गति शक्ति कार्गो टर्मिनल्स बनाएंगे।
राज्यों के लिये बजट अनुमान में 10,000 करोड़ रू के पूंजी परिव्यय को अब संशोधित कर 15,000 करोड़ रू कर दिय गया है, तथा राज्यों की मदद के लिये 1 लाख करोड़ रू का आवंटन 50 वर्षिय ब्याज मुक्त ऋण राज्यों को दिये गये सामान्य कर्ज के अलावा है।
सहकारी समितियों के लिये अपेक्षित दर को 18.5 प्रतिशत से घटाकर 15 प्रतिशत करने का प्रस्ताव किया तथा अधिभार की दर को भी घटाया गया है। इसके साथ ही दिव्यांगजनों को भी कर में राहत प्रदान की गयी है।
सांसद जोशी ने इस अवसर पर देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी, वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण, वित्तराज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी एवं श्री भगवत किशनराव कराड़ का आभार प्रकट करते हुये कहा की सरकार ने देश के प्रत्येक नागरिक को अपने बजट से जोड़ने का प्रयास किया है, सरकार को प्रत्येक नागरिक के स्वास्थ्य एवं उसके विकास की चिंता है, और सरकार की इन योजनाओं से प्रत्येक नागरिक कहीं ना कहीं किसी न किसी रूप से लाभान्वित अवश्य हो पाएगा।
आत्मनिर्भर भारत का बजट 2022-23 : जोशी

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